आरोपियों पर लगेगा एनएसए का शिकंजा, पुलिस का कड़ा एक्शन
पुरानी रंजिश में हत्या के बाद एसएसपी डॉ. कौस्तुभ की सख्ती
आठ आरोपी गिरफ्तार, सिकरीगंज थाना प्रभारी लाइन हाजिर
टाइम्स ऑफ कुशीनगर ब्यूरो
गोरखपुर। सिकरीगंज थाना क्षेत्र के अहिरौली गांव में 8 अगस्त को बिजली विभाग के ठेकेदार शिवकुमार त्रिपाठी की हत्या के मामले में गोरखपुर पुलिस ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। मंगलवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ ने हत्याकांड में शामिल अभियुक्तों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत निरोधात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस की कार्रवाई में अब तक कुल आठ अभियुक्त गिरफ्तार किए जा चुके हैं। वहीं, घटना को लेकर सिकरीगंज थाना प्रभारी अंजुल चतुर्वेदी को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है।एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने वीडियो बयान में बताया कि हत्या की घटना अचानक नहीं हुई, बल्कि वर्ष 2024 में हुई आदेश चौधरी की हत्या से जुड़ी पुरानी रंजिश का परिणाम थी। पुलिस की जांच में सामने आया कि आदेश चौधरी की हत्या में शिवकुमार त्रिपाठी के परिचितों की भूमिका बताई गई थी। इसी रंजिश के चलते आरोपियों ने 8 अगस्त को शिवकुमार त्रिपाठी की हत्या कर दी।
हत्याकांड के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू करते हुए सिकरीगंज थाने में मुकदमा संख्या 217/2026 दर्ज किया और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया। लगातार दबिश के बाद सात नामजद अभियुक्तों में से छह को गिरफ्तार कर लिया गया। विवेचना के दौरान सामने आए दो अन्य अभियुक्तों को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया। इस प्रकार अब तक कुल आठ आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी ने आरोपियों के खिलाफ एनएसए के तहत निरोधात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। पुलिस का कहना है कि हत्या एवं हिंसा जैसी गंभीर घटनाओं में शामिल आरोपियों के खिलाफ उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर सभी आवश्यक वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
घटना के बाद थाना स्तर पर जवाबदेही तय करते हुए एसएसपी ने सिकरीगंज थाना प्रभारी अंजुल चतुर्वेदी को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार अपराध की रोकथाम एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में किसी स्तर पर लापरवाही सामने आने पर संबंधित पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
शिवकुमार त्रिपाठी हत्याकांड में हुई कार्रवाई के जरिए पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख का संदेश दिया है। पुलिस का कहना है कि पुरानी रंजिश, वर्चस्व या किसी अन्य विवाद में कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने स्पष्ट किया कि हत्याकांड में शामिल किसी भी आरोपी को संरक्षण नहीं मिलेगा। विवेचना के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ भी विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने कहा कि जनपद में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी।
रिपोर्टर: ब्यूरो
टाइम्स ऑफ कुशीनगर
0 टिप्पणियाँ
टिप्पणी करने के लिए आप को धन्यबाद!
.................................TIMES OF KUSHINAGAR