पाकिस्तानी प्रतिबंधित क्रीम की खेप पकड़े जाने के बाद सोनौली सीमा पर बढ़ी निगरानी

पाकिस्तानी प्रतिबंधित क्रीम की खेप पकड़े जाने के बाद सोनौली सीमा पर बढ़ी निगरानी

नेपाल के रास्ते बिहार तक पहुंचने की आशंका, संदिग्ध सामान और तस्करी गतिविधियों पर सुरक्षा एजेंसियों की नजर

टाइम्स ऑफ कुशीनगर ब्यूरो

महराजगंज। नेपाल के रास्ते भारत में पाकिस्तान निर्मित बताई जा रही प्रतिबंधित सौंदर्य प्रसाधनों की खेप पहुंचने की जानकारी सामने आने के बाद इंडो-नेपाल सीमा के सोनौली क्षेत्र में सुरक्षा एजेंसियों ने सतर्कता बढ़ा दी है। सीमा पर संदिग्ध सामान और तस्करी से जुड़ी गतिविधियों की निगरानी की जा रही है। संभावित तस्करी नेटवर्क को लेकर भी जांच तेज होने की जानकारी सामने आई है।

जानकारी के अनुसार, इंडो-नेपाल सीमा क्षेत्र में सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) द्वारा पाकिस्तान में निर्मित बताई जा रही बड़ी मात्रा में क्रीम पकड़े जाने के बाद इन उत्पादों की आपूर्ति से जुड़े संभावित नेटवर्क पर नजर रखी जा रही है। आशंका जताई जा रही है कि नेपाल के रास्ते इन सौंदर्य प्रसाधनों को बिहार के कोसी और सीमांचल क्षेत्र के बाजारों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा सकता है। हालांकि, सोनौली क्षेत्र में इस खेप की सीधी बरामदगी या आपूर्ति की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।


बताया जा रहा है कि गोरी ब्यूटी क्रीम और चांदनी व्हाइटनिंग क्रीम नाम से बाजार में उपलब्ध उत्पादों के संबंध में नियामकीय कार्रवाई और जांच की जानकारी सामने आई है। इन उत्पादों में निर्धारित मानकों से अधिक भारी धातुओं और पारा (मरकरी) जैसे तत्व पाए जाने के दावों के साथ ही भारत में इनके आयात से संबंधित वैध पंजीकरण प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं होने की बात कही जा रही है। इन दावों की पुष्टि के लिए संबंधित आधिकारिक जांच रिपोर्ट और कार्रवाई के दस्तावेजों का सत्यापन आवश्यक है।

स्वास्थ्य पर पड़ सकता है प्रतिकूल प्रभाव

विशेषज्ञों के अनुसार, निर्धारित मानकों के विपरीत पारा और अन्य भारी धातुओं वाले सौंदर्य प्रसाधनों का लंबे समय तक इस्तेमाल त्वचा और स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। बिना प्रमाणित और अनधिकृत सौंदर्य प्रसाधनों के इस्तेमाल से बचने तथा उत्पादों की गुणवत्ता और वैधता की जांच करने की सलाह दी जाती है।

कम कीमत में त्वचा को जल्दी गोरा और चमकदार बनाने के दावों के कारण कुछ बाजारों में ऐसे उत्पादों की मांग होने की बात सामने आती रही है। इसी मांग का फायदा उठाकर अवैध कारोबार किए जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, किसी विशेष तस्करी नेटवर्क की संलिप्तता की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

सोनौली सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां सतर्क

प्रतिबंधित क्रीम की बरामदगी से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद सोनौली सीमा क्षेत्र में संदिग्ध सामान, वाहनों और आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाने की बात कही जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां संभावित तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए जांच और निगरानी व्यवस्था को मजबूत कर रही हैं। मामले में आधिकारिक कार्रवाई और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।



रिपोर्टर: सतीश कुमार श्रीवास्तव

टाइम्स ऑफ कुशीनगर

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