अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस पर कुशीनगर में जागरूकता का महाअभियान,

अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस पर कुशीनगर में जागरूकता का महाअभियान, जिलाधिकारी ने दिखाई हरी झंडी, हस्ताक्षर अभियान का शुभारम्भ; 15 बाल एवं किशोर श्रमिकों को कराया गया अवमुक्त

टाइम्स आँफ कुशीनगर ब्यूरो

अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर जनपद कुशीनगर में बाल श्रम उन्मूलन के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने हेतु वृहद स्तर पर विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस क्रम में जिलाधिकारी कार्यालय परिसर से बाल श्रम उन्मूलन विषयक विशाल जन-जागरूकता रैली का आयोजन किया गया, जिसका शुभारम्भ जिलाधिकारी द्वारा हरी झंडी दिखाकर किया गया।
रैली में बाल श्रम उन्मूलन जनपद समिति, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, श्रम विभाग, स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण विभाग, बाल कल्याण समिति, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट सहित विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं एवं सामाजिक संगठनों के 200 से अधिक प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। प्रतिभागियों ने जनपद को बाल श्रम मुक्त बनाने का संदेश देते हुए आमजन को बाल श्रम के दुष्परिणामों, बच्चों के शिक्षा के अधिकार तथा बाल श्रम निषेध संबंधी कानूनी प्रावधानों के प्रति जागरूक किया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर, मुख्य चिकित्साधिकारी चन्द्र प्रकाश, श्रम प्रवर्तन अधिकारी अलंकृता उपाध्याय द्वारा जनपद को बाल श्रम मुक्त बनाने के उद्देश्य से हस्ताक्षर अभियान का शुभारम्भ किया गया। रैली के दौरान “बाल श्रम मुक्त समाज का निर्माण करें”, “हर बच्चा स्कूल जाए” तथा “बाल श्रम अपराध है” जैसे प्रेरणादायी नारों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया गया।
कार्यक्रम के उपरान्त श्रम विभाग की टीम द्वारा रवीन्द्रनगर से कसया तक सघन निरीक्षण अभियान चलाया गया। बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986 यथा संशोधित अधिनियम, 2016 के अंतर्गत विभिन्न प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 15 बाल एवं किशोर श्रमिकों को चिन्हित करते हुए अवमुक्त कराया गया। साथ ही उनसे कार्य कराने वाले सेवायोजकों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई भी सुनिश्चित की गई।
दोपहर में पडरौना में व्यापार मण्डल के पदाधिकारियों एवं व्यापारियों के साथ आयोजित बैठक में बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम के प्रावधानों पर विस्तार से चर्चा की गई तथा सभी को बाल श्रम मुक्त कुशीनगर के निर्माण का संकल्प दिलाया गया।
बैठक में शिक्षाविद् डॉ. सी.वी. सिंह ने बाल श्रम उन्मूलन विषय पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रत्येक बच्चे को शिक्षा, सुरक्षा और सम्मानजनक बचपन उपलब्ध कराना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम में श्रम प्रवर्तन अधिकारी सुश्री अलंकृता उपाध्याय, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. चन्द्र प्रकाश वर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी अरुण दूबे, जिला समाज कल्याण अधिकारी रमाशंकर यादव, बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष अमित शाही, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के प्रभारी विद्याधर कुशवाहा सहित विभिन्न विभागों एवं संस्थाओं के प्रतिनिधि तथा कार्यालय सहायक श्रमायुक्त, कुशीनगर के कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
जनपद प्रशासन एवं श्रम विभाग ने पुनः यह संकल्प दोहराया कि बाल श्रम के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी रहेगा तथा प्रत्येक बच्चे को शिक्षा एवं सुरक्षित भविष्य उपलब्ध कराने के लिए प्रभावी प्रयास किए जाते रहेंगे।

रिपोर्टर:ब्यूरो

टाइम्स ऑफ कुशीनगर

खबर शेयर करें:

WhatsApp Facebook

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ