पडरौना में आयोजित हुआ 37वां राष्ट्रीय होमियोपैथिक वैज्ञानिक सम्मेलन,

 देशभर के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने की सहभागिता

टाइम्स ऑफ कुशीनगर ब्यूरो
पडरौना/कुशीनगर। पडरौना स्थित होटल एलाइट सूट्स, लखराव मंदिर के निकट गंडक नहर पुल पर होम्यो ग्रैंड कन्वेंशन 2026 के तत्वावधान में 37वें राष्ट्रीय होमियोपैथिक वैज्ञानिक सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया। सम्मेलन में देश के विभिन्न हिस्सों से आए वरिष्ठ होमियोपैथिक चिकित्सकों, शिक्षकों एवं चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ होमियोपैथी के जनक डॉ. हैनीमैन एवं स्वर्गीय डॉ. सी.पी. सिंह के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्य विकास अधिकारी वंदिता श्रीवास्तव उपस्थित रहीं। वहीं जिला होमियोपैथिक अधिकारी डॉ. अशोक सिंह, फाजिलनगर विधायक सुरेंद्र कुशवाहा, जिलाध्यक्ष दुर्गेश राय सहित कई विशिष्ट अतिथि मौजूद रहे।

सम्मेलन के दौरान मंचासीन अतिथियों एवं चिकित्सा क्षेत्र में योगदान देने वाले विशेषज्ञों को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। मुख्य विकास अधिकारी वंदिता श्रीवास्तव ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि पडरौना जैसे शहर में इतने बड़े स्तर पर चिकित्सा सम्मेलन का आयोजन होना गौरव की बात है और इससे चिकित्सा क्षेत्र को नई दिशा मिलेगी।


स्वर्गीय डॉ. सी.पी. सिंह की पुत्री डॉ. विभा सिंह ने अपने पिता के योगदान को याद करते हुए कहा कि उनके सम्मान में इस 37वें राष्ट्रीय वैज्ञानिक सम्मेलन का आयोजन किया गया है। उन्होंने आयोजन समिति का आभार जताया।

सम्मेलन में लखनऊ से आए प्रसिद्ध होमियोपैथिक विशेषज्ञ डॉ. निशांत ने चर्म रोगों एवं अन्य गंभीर बीमारियों पर विस्तृत व्याख्यान दिया। वहीं अंतरराष्ट्रीय होमियोपैथिक वक्ता डॉ. गौरी शंकर ने "आर्गेनान ऑफ मेडिसिन" पर अपने विचार रखते हुए कहा कि होमियोपैथी की मूल आधारशिला यही है और इसके बिना होमियोपैथिक चिकित्सा की प्रैक्टिस अधूरी है।

बगहा कैंसर रिसर्च सेंटर के प्रबंधक डॉ. पदमभानु सिंह ने कैंसर रोग पर शोध आधारित जानकारी साझा की। राष्ट्रीय वक्ता डॉ. पंकज श्रीवास्तव ने गठिया, अर्थराइटिस, हड्डियों से जुड़ी समस्याओं एवं उनके उपचार पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम के आयोजक डॉ. अभ्युदय मौर्य रहे, जबकि सचिव की जिम्मेदारी डॉ. अरुण तिवारी एवं कोषाध्यक्ष के रूप में डॉ. अनिल कुशवाहा ने भूमिका निभाई। कार्यक्रम के समापन पर सभी चिकित्सकों को विधायक सुरेंद्र कुशवाहा एवं जिलाध्यक्ष दुर्गेश राय द्वारा स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

सम्मेलन में बड़ी संख्या में चिकित्सकों एवं चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े लोगों की उपस्थिति रही, जिससे कार्यक्रम सफल एवं ज्ञानवर्धक साबित हुआ।



रिपोर्टर:  व्यूरों

टाइम्स ऑफ कुशीनगर

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